Dhanbad News: कोयलांचल धनबाद के बीसीसीएल एरिया तीन अंतर्गत गोविंदपुर सोनारडीह ओपी क्षेत्र की टंडाबाड़ी बस्ती में मंगलवार देर शाम एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया. कोयला खदानों के ऊपर बसी इस बस्ती में अचानक हुए भीषण भू-धंसान (जमीन धंसने) के कारण कई गरीब परिवारों के आशियाने पल भर में जमींदोज हो गए. मलबे की चपेट में आने से तीन स्थानीय लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई. इस हृदयविदारक घटना के बाद से ही पूरे क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है, लेकिन मौतों के बाद उपजे प्रशासनिक आक्रोश ने बुधवार को उग्र रूप ले लिया.
मुआवजे और पुनर्वास की मांग को लेकर ग्रामीणों ने बीसीसीएल अधिकारियों को घेरा
बुधवार दोपहर जब बीसीसीएल के निदेशक तकनीकी (DT) संजय सिंह और एरिया तीन के महाप्रबंधक (GM) वी विजय कुमार अन्य कनिष्ठ अधिकारियों की टीम के साथ जमीनी हकीकत का जायजा लेने टंडाबाड़ी पहुंचे, तो उन्हें स्थानीय ग्रामीणों के प्रचंड और अनियंत्रित गुस्से का सामना करना पड़ा. जैसे ही अधिकारियों की गाड़ियां गांव की सीमा में दाखिल हुईं, सैकड़ों की संख्या में मौजूद आक्रोशित ग्रामीणों ने उन्हें चारों तरफ से बंधक बना लिया. रोते-बिलखते और चिल्लाते ग्रामीणों का सीधा आरोप था कि बीसीसीएल प्रबंधन की घोर लापरवाही और अवैध माइनिंग के खोखलेपन के कारण ही उनके अपनों की जान गई है.
उग्र भीड़ का खूनी तांडव: अधिकारियों पर बरसाए पत्थर, जान बचाकर भागे अफसर
देखते ही देखते विरोध प्रदर्शन हिंसक झड़प में तब्दील हो गया और उग्र ग्रामीणों ने बीसीसीएल के काफिले पर अंधाधुंध पथराव शुरू कर दिया. इस अचानक हुए हमले में अधिकारियों की लग्जरी गाड़ियों के शीशे चकनाचूर हो गए और चारों तरफ कांच के टुकड़े बिखर गए. पत्थरों की चपेट में आने से कुछ वरीय अधिकारियों को भी चोटें आई हैं. बेकाबू भीड़ के बीच फंसे बड़े अफसरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए मौके पर मौजूद सीआईएसएफ (CISF) के जवानों ने तुरंत मोर्चा संभाला और लाठियां भांजकर किसी तरह अधिकारियों को सुरक्षित सुरक्षित घेरे से बाहर निकाला.