Ispat Express Cancelled: दक्षिण पूर्व रेलवे ने कांटाबाजी-हावड़ा-कांटाबाजी इस्पात एक्सप्रेस के परिचालन को दो दिनों के लिए रद्द कर दिया है. सूचना के अनुसार, शुक्रवार को हावड़ा से कांटाबाजी जाने वाली ट्रेन रद्द रही, जबकि शनिवार को कांटाबाजी से हावड़ा आने वाली इस्पात एक्सप्रेस का परिचालन पूरी तरह बंद रहेगा. ट्रेन के इस अचानक रद्दीकरण से टाटानगर, खड़गपुर और ओडिशा के विभिन्न स्टेशनों से यात्रा करने वाले सैकड़ों यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
घंटों की लेटलतीफी दूर करने के लिए लिया गया फैसला
रेलवे सूत्रों का कहना है कि इस्पात एक्सप्रेस पिछले कई महीनों से अपने निर्धारित समय से घंटों की देरी से चल रही थी. ट्रेन के अप और डाउन मार्ग में समय का तालमेल पूरी तरह बिगड़ चुका था. परिचालन समय (Punctuality) में सुधार लाने और रैक को वापस सही समय पर लाने के उद्देश्य से एक फेरा रद्द करने का निर्णय लिया गया है. रेलकर्मियों को उम्मीद है कि इस “रि-शेड्यूलिंग” के बाद सोमवार से ट्रेन अपने राइट टाइम पर चलने लगेगी.
टाटानगर स्टेशन पर टिकट रद्द कराने की मची होड़
ट्रेन रद्द होने की सूचना मिलते ही टाटानगर समेत अन्य प्रमुख स्टेशनों पर यात्रियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. अचानक यात्रा बाधित होने के कारण सैकड़ों यात्रियों ने अपने टिकट रद्द कराए हैं. कई यात्रियों ने वैकल्पिक ट्रेनों में जगह न मिलने पर अपनी यात्रा ही स्थगित कर दी है. रामनवमी और अन्य त्योहारों के मौसम में ट्रेन रद्द होने से उन लोगों को सबसे ज्यादा परेशानी हुई है, जिन्होंने हफ्तों पहले रिजर्वेशन कराया था.
कोल्हान और ओडिशा के स्टेशनों पर आवागमन बाधित
इस्पात एक्सप्रेस केवल टाटानगर ही नहीं, बल्कि कोल्हान और ओडिशा के छोटे स्टेशनों के लिए भी लाइफलाइन मानी जाती है. इसके रद्द होने का सीधा असर दैनिक यात्रियों और व्यावसायिक काम से हावड़ा जाने वाले लोगों पर पड़ा है. हालांकि रेलवे ने इसे परिचालन कारणों से लिया गया एक आवश्यक कदम बताया है, लेकिन यात्रियों में इस बात को लेकर नाराजगी है कि व्यस्त सीजन में बिना किसी पूर्व सूचना के ट्रेन को रद्द कर दिया गया.