Ranchi Gas Update: रांची में एलपीजी गैस का संकट अब लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी पर भारी पड़ने लगा है. हालात ऐसे हो गए हैं कि एक सिलिंडर के लिए 10 से 15 दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है. सुबह 4 बजे से ही लोग गैस गोदामों के बाहर लाइन लगाने को मजबूर है.
मांग ज्यादा, आपूर्ति कम के कारण बुरा है हाल
शहर में रोजाना करीब 20 हजार सिलिंडर की बुकिंग हो रही है, लेकिन सप्लाई केवल लगभग 15,200 सिलिंडर तक ही सीमित है. इस वजह से हजारों उपभोक्ताओं को समय पर गैस नहीं मिल पा रही है. इंडियन ऑयल के करीब 1.5 लाख उपभोक्ता इस संकट से प्रभावित हैं और 60 हजार से ज्यादा बुकिंग अभी लंबित बताई जा रही है.
सुबह 4 बजे से लगाई जा रही लाइने, फिर भी नहीं मिल रही गैस
स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि लोग रात खत्म होने से पहले ही गैस एजेंसियों के बाहर पहुंच रहे हैं. जिला प्रशासन ने सख्ती के निर्देश जरूर दिए हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर हालात अब भी काबू में नहीं दिख रहे.
ऑनलाइन सिस्टम भी दे रहा जवाब
सिर्फ सप्लाई ही नहीं, बल्कि ऑनलाइन बुकिंग सिस्टम भी पूरी तरह सही से काम नहीं कर रहा. कई उपभोक्ताओं को बुकिंग के बाद कन्फर्मेशन मैसेज तक नहीं मिल रहा, जिससे उन्हें गैस मिलने का समय पता ही नहीं चल पा रहा.
होटल-रेस्टोरेंट का किचन ठप होने की कगार पर आ पहुंचे
गैस की कमी का असर अब होटल और रेस्टोरेंट पर भी साफ दिखने लगा है. छोटे होटल बंद होने लगे हैं, जबकि बड़े रेस्टोरेंट में भी काम प्रभावित हो रहा है. कई जगहों पर मेन्यू बदल दिए गए हैं और कम गैस में बनने वाले विकल्प रखे जा रहे हैं.
छात्रावास और छोटे व्यवसाय सबसे ज्यादा प्रभावित
छात्रावास, मेस और छोटे दुकानदार इस संकट से सबसे ज्यादा परेशान हैं. कई लोगों को अब वैकल्पिक ईधन का सहारा लेना पड़ रहा है, जिससे खर्च भी बढ़ रहा है और परेशानी भी.
प्रशासन की सख्ती, लेकिन राहत नही बन पा रहा माहौल
प्रशासन ने आपूर्ति सुधारने और कालाबाजारी रोकने के निर्देश दिए हैं, लेकिन अभी तक इसका असर जमीन पर नजर नहीं आ रहा. विशेषज्ञों का कहना है कि जब तक सप्लाई नहीं बढ़ेगी और वितरण व्यवस्था पारदर्शी नहीं होगी, तब तक यह संकट बना रहेगा.
रांची में गैस संकट अब चुनौतीपूर्ण रूप ले चुका है. अगर जल्द समाधान नहीं निकाला गया, तो आने वाले दिनों में हालात और बिगड़ सकते हैं और आम लोगों की मुश्किलें और बढ़ेंगी.