Jamshedpur: जमशेदपुर दौरे पर पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने एक बार फिर प्रोटोकॉल तोड़ते हुए आम लोगों से सीधे मुलाकात की। सड़क किनारे खड़ी भीड़ को देखकर उन्होंने अपना काफिला रुकवाया, गाड़ी से उतरीं और पैदल चलकर लोगों का अभिवादन स्वीकार किया। इस दौरान उन्होंने बच्चों को चॉकलेट भी बांटी, जिससे लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला।
56 दिन पहले भी किया था ऐसा ही कदम
यह पहली बार नहीं जब राष्ट्रपति ने इस तरह प्रोटोकॉल तोड़ा है। इससे पहले 56 दिन पूर्व आदित्यपुर स्थित एनआईटी के दीक्षांत समारोह में शामिल होने के दौरान भी उन्होंने अचानक आकाशवाणी चौक पर अपना काफिला रुकवाया था।
उस समय भी वे गाड़ी से उतरीं, लोगों का अभिवादन किया और बच्चों के बीच चॉकलेट वितरित की। राष्ट्रपति के इस सहज और आत्मीय व्यवहार से पूरे शहर में हर्षोल्लास का माहौल बन गया था।
कदमा और बारीडीह में दिखा उत्साह
गुरुवार को जमशेदपुर के कदमा और बारीडीह क्षेत्र में राष्ट्रपति के आगमन को लेकर विशेष उत्साह देखा गया। कदमा स्थित श्री जगन्नाथ आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक धर्मार्थ केंद्र में भूमि पूजन कार्यक्रम संपन्न करने के बाद राष्ट्रपति बारीडीह पहुंचीं, जहां स्थानीय लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।
सड़क किनारे भीड़ देख रुकवाया काफिला
मणिपाल टाटा मेडिकल कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम के समापन के बाद जब राष्ट्रपति का काफिला बाहर निकला, तो सड़क के दोनों ओर बड़ी संख्या में लोग उनका इंतजार कर रहे थे। भीड़ को देखकर राष्ट्रपति ने तुरंत अपना वाहन रुकवाया।
वे स्वयं गाड़ी से उतरीं और लगभग 150 कदम पैदल चलकर लोगों का अभिवादन स्वीकार किया। अचानक अपने बीच राष्ट्रपति को देखकर लोगों का उत्साह चरम पर पहुंच गया। खासकर महिलाओं और बच्चों में अलग ही खुशी देखने को मिली।
बच्चों को चॉकलेट, महिलाओं को दिया आशीर्वाद
भीड़ में मौजूद एक बच्ची ने खुशी जाहिर करते हुए बताया कि राष्ट्रपति ने उसे अपने हाथों से चॉकलेट दी। वहीं परविंदर नामक महिला ने कहा कि वह कई घंटों से राष्ट्रपति की एक झलक पाने के लिए खड़ी थीं।
उन्होंने कहा,
“जब राष्ट्रपति गाड़ी से उतरीं और हमारे बीच आई, तो हमें विश्वास ही नहीं हुआ। उन्होंने मेरी बेटी को चॉकलेट दी और आशीर्वाद भी दिया। उनका स्वभाव बेहद सरल और स्नेहपूर्ण है।”
इस दौरान पूरी भीड़ व्यवस्थित रही और लोगों को राष्ट्रपति को बेहद करीब से देखने का अवसर मिला। राष्ट्रपति के इस व्यवहार की शहरभर में सराहना हो रही है।