Jharkhand News: मृत गैंगस्टर अमन साहू का सहयोगी और कुख्यात अपराधी आकाश राय उर्फ मोनू की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं. झारखंड हाईकोर्ट में उसकी क्रिमिनल रिवीजन याचिका पर होने वाली सुनवाई फिलहाल टल गई है. अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 10 मार्च की तिथि निर्धारित की है, जिसका अर्थ है कि अब इस मामले पर होली के अवकाश के बाद ही विचार किया जाएगा.
आकाश राय उर्फ मोनू को अपराधी अमन साहू का “राइट हैंड” माना जाता था. वह लंबे समय तक साहू के गिरोह में रहकर आपराधिक गतिविधियों का संचालन करने और सिंडिकेट को मजबूती देने में सक्रिय भूमिका निभाता रहा है.
तेतरिया कोल माइंस कांड और रंगदारी के आरोप
आकाश राय पर लातेहार स्थित तेतरिया कोल माइंस में हुई भीषण गोलीबारी और रंगदारी वसूली के मामले में गंभीर आरोप दर्ज हैं. आरोप है कि उसने अमन साहू और गैंगस्टर सुजीत सिन्हा के साथ मिलकर कोलयरी के कार्यों में बाधा डालने, कर्मचारियों पर जानलेवा हमला करने और कोयला व्यवसायियों से मोटी रकम वसूलने की साजिश रची थी.
चार साल से जेल में, NIA कर रही है जांच
आकाश राय पिछले चार वर्षों से सलाखों के पीछे है. उसके खिलाफ दर्ज मामलों की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) इसकी जांच कर रही है. एनआईए की जांच में उसके गिरोह के आतंकी वित्तपोषण (Terror Funding) और लेवी वसूली के कई सनसनीखेज खुलासे भी हुए हैं. अब 10 मार्च की सुनवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं कि क्या उसे अदालत से कोई राहत मिल पाती है या उसकी जेल की अवधि और लंबी खिंचेगी.