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  • 2026-01-23

Jamshedpur Big News: जमशेदपुर को औद्योगिक नगर घोषित करने को लेकर सुप्रीम कोर्ट सख्त, केंद्र सरकार को नोटिस

Jamshedpur Big News: जमशेदपुर को औद्योगिक नगर घोषित किए जाने को लेकर चल रहा पुराना विवाद अब सुप्रीम कोर्ट के सख्त रुख के साथ एक बार फिर चर्चा में आ गया है. गुरुवार को इस मामले की सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने केंद्र सरकार को नोटिस जारी करते हुए चार सप्ताह के भीतर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है. उल्लेखनीय है कि करीब चार दशक से चले आ रहे इस कानूनी विवाद में यह पहला मौका है, जब केंद्र सरकार को औपचारिक रूप से प्रतिवादी बनाया गया है.

संविधान पीठ में हुई सुनवाई, केंद्र से मांगा गया स्पष्ट पक्ष
यह मामला जमशेदपुर को औद्योगिक नगर घोषित करने के विरोध में दायर याचिकाओं से जुड़ा है. सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति संजीव खन्ना, न्यायमूर्ति संजय कुमार और न्यायमूर्ति के वी विश्वनाथन की पीठ ने केंद्र सरकार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए जवाब तलब किया. अदालत ने स्पष्ट किया कि इतने लंबे समय से लंबित विवाद में केंद्र का पक्ष जानना आवश्यक है.

1988 से शुरू हुआ मामला, कई चरणों में चला कानूनी संघर्ष
यह कानूनी लड़ाई वर्ष 1988 से चली आ रही है. जमशेदपुर में नगर निगम गठन और औद्योगिक नगर की अधिसूचना को लेकर अलग अलग स्तरों पर आपत्तियां दर्ज की जाती रही हैं. वर्ष 1989 में इस विषय को लेकर याचिकाएं दायर की गई थीं, जिनमें स्थानीय नागरिकों और संगठनों ने औद्योगिक नगर घोषित किए जाने के संवैधानिक और प्रशासनिक पहलुओं को चुनौती दी थी.

झारखंड सरकार के फैसले को दी गई थी चुनौती
झारखंड सरकार ने 28 दिसंबर 2023 को जमशेदपुर को इंडस्ट्रियल टाउन घोषित करने की अधिसूचना जारी की थी. इस अधिसूचना को झारखंड हाईकोर्ट में चुनौती दी गई, जहां से मामला आगे सुप्रीम कोर्ट पहुंचा. याचिकाकर्ताओं का तर्क है कि नगर निगम नहीं बनने की स्थिति में नागरिकों को मिलने वाले लोकतांत्रिक अधिकार प्रभावित हो रहे हैं.

नगर निगम नहीं बनने से वोट और प्रतिनिधित्व पर असर
याचिकाओं में यह भी कहा गया है कि यदि जमशेदपुर को औद्योगिक नगर के रूप में ही बनाए रखा जाता है, तो नगर निगम चुनाव नहीं होंगे और इससे स्थानीय नागरिकों के मतदान अधिकार तथा प्रतिनिधित्व पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा. इसी आधार पर औद्योगिक नगर की अवधारणा को चुनौती दी गई है.

केंद्र सरकार से जवाब के बाद आगे बढ़ेगी सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को चार सप्ताह का समय देते हुए कहा है कि उसके जवाब के बाद मामले की आगे सुनवाई की जाएगी. अदालत ने संकेत दिया है कि इतने वर्षों से लंबित इस विवाद का अब निर्णायक समाधान जरूरी है.

जमशेदपुर को लेकर औद्योगिक नगर और नगर निगम के बीच चल रहा यह विवाद केवल प्रशासनिक नहीं बल्कि नागरिक अधिकारों से भी जुड़ा हुआ है. सुप्रीम कोर्ट द्वारा केंद्र सरकार को नोटिस देना इस मामले को नई दिशा देता है. आने वाले समय में केंद्र के जवाब से यह स्पष्ट होगा कि जमशेदपुर के भविष्य का प्रशासनिक ढांचा किस दिशा में आगे बढ़ेगा.
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