Dumka: झारखंड के दुमका जिले के रामगढ़ थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहाँ एक मेले से घर लौट रही किशोरी और उसके दोस्तों पर अज्ञात अपराधियों ने जानलेवा हमला कर दिया। इस खूनी संघर्ष में अपनी सहेली की आबरू बचाने की कोशिश कर रहे 16 वर्षीय किशोर, लखींद्र सोरेन की चाकू लगने से मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
अपहरण का विरोध करने पर खूनी खेल
जानकारी के अनुसार, घटना उस वक्त हुई जब पीड़ित किशोरी अपने दो दोस्तों, लखींद्र सोरेन और डेविड हांसदा के साथ मेला देखकर वापस लौट रही थी। रास्ते में घात लगाए बैठे हमलावरों ने किशोरी को जबरन अगवा करने का प्रयास किया। जब लखींद्र और डेविड ने बहादुरी दिखाते हुए इसका कड़ा विरोध किया, तो अपराधियों ने उन पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।
इलाके में दहशत, घायलों की हालत गंभीर
इस हमले में लखींद्र सोरेन की जान चली गई, जबकि डेविड हांसदा और किशोरी गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। वारदात के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को तुरंत फूलो झानो मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है। इस घटना ने पूरे रामगढ़ इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुँची। पुलिस ने लखींद्र के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अपराधियों की पहचान के लिए छापेमारी की जा रही है और जल्द ही उन्हें सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।
ग्रामीणों ने मांग की
इस दुखद घटना ने एक बार फिर मेलों और सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों ने मांग की है कि दोषियों को जल्द से जल्द पकड़कर कड़ी सजा दी जाए।