शीघ्र दर्शनम श्रद्धालुओं के लिए बनेगा अलग प्रवेश मार्ग
नई व्यवस्था के तहत शीघ्र दर्शनम कूपन लेने वाले श्रद्धालुओं को अब सामान्य कतार का हिस्सा नहीं बनना होगा. उन्हें फुट ओवरब्रिज के माध्यम से अलग मार्ग से गर्भगृह तक पहुंचाया जाएगा. इससे उनका समय बचेगा और सामान्य कतार में खड़े श्रद्धालुओं पर भी दबाव कम होगा.
श्रावणी मेले में भीड़ प्रबंधन को मिलेगी मजबूती
श्रावणी मेले के दौरान हर साल बड़ी संख्या में कांवरिया बाबा धाम पहुंचते हैं. इसी को देखते हुए प्रशासन ने श्रद्धालुओं की आवाजाही को अलग-अलग मार्गों से संचालित करने की योजना बनाई है. अधिकारियों के अनुसार फुट ओवरब्रिज के उपयोग से भीड़ को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी. साथ ही धक्का-मुक्की, लंबी कतार और जाम जैसी स्थितियों को कम करने में भी यह व्यवस्था अहम साबित हो सकती है.
अधिकारियों ने किया निरीक्षण
नई व्यवस्था शुरू होने से पहले उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक ने फुट ओवरब्रिज का निरीक्षण कर इसकी तैयारियों का जायजा लिया. उपायुक्त ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसी उद्देश्य से नई व्यवस्था लागू की गई है.
वहीं पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने बताया कि फुट ओवरब्रिज शुरू होने से सुरक्षा कर्मियों को निगरानी और कतार प्रबंधन में अधिक सुविधा मिलेगी. इससे श्रद्धालु बेहतर तरीके से और बिना अनावश्यक परेशानी के बाबा के दर्शन कर सकेंगे.
कई अधिकारी और मंदिर प्रबंधन के प्रतिनिधि रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा, नगर आयुक्त सुलोचना मीना, अनुमंडल पदाधिकारी सह मंदिर प्रभारी रवि कुमार, पंडा धर्मरक्षिणी सभा के पदाधिकारी, स्थानीय पुरोहित समाज, ट्रैफिक डीएसपी सहित विभिन्न विभागों के प्रशासनिक अधिकारी और अभियंता भी मौजूद रहे.
श्रावणी मेले से पहले महत्वपूर्ण कदम
प्रशासन का मानना है कि श्रावणी मेले में संभावित भारी भीड़ को देखते हुए यह नई व्यवस्था श्रद्धालुओं के लिए राहत लेकर आएगी. इससे दर्शन व्यवस्था अधिक सुव्यवस्थित होगी और सुरक्षा प्रबंधन को भी मजबूती मिलेगी. हालांकि मेले के दौरान व्यवस्था की प्रभावशीलता का आकलन वास्तविक भीड़ के आधार पर किया जाएगा.