Jamshedpur: बिष्टुपुर स्थित डीडी बार (डबल डाउन बार) के बाहर शनिवार रात हुए जानलेवा हमले में गंभीर रूप से घायल करणी सेना के युवा नेता हिमांशु कुमार सिंह की इलाज के दौरान मौत हो गई। हिमांशु की मौत के बाद मामला हत्या का हो गया है और पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है।
11 लोगों के खिलाफ दर्ज हुई प्राथमिकी
घटना के बाद बिष्टुपुर थाना में भाजपा नेता एवं डीडी बार के मालिक नीरज सिंह, सह-मालिक विनय कुमार, बार से जुड़े कर्मचारियों तथा अन्य आरोपियों समेत कुल 11 लोगों को नामजद किया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न गंभीर और गैर-जमानती धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।
पुलिस की मौजूदगी में हुआ हमला
यह वारदात शनिवार रात करीब 11:30 बजे बिष्टुपुर राम मंदिर के सामने स्थित डीडी बार के बाहर हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के समय पुलिस पेट्रोलिंग वाहन और टाइगर मोबाइल के जवान मौके पर मौजूद थे। इसके बावजूद हमलावरों ने दोनों युवकों पर चाकू और धारदार हथियार से हमला कर दिया। पूरी घटना घटनास्थल पर लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है।
छेड़खानी के विरोध के बाद बढ़ा विवाद
घायल युवक के साथी मोहित कुमार सिंह के अनुसार, बार के अंदर कुछ युवक युवतियों से कथित छेड़खानी कर रहे थे। इसका विरोध करने पर पहले कहासुनी हुई, जिसे शांत करा दिया गया। बाद में जब हिमांशु कुमार सिंह और प्रत्युष सिंह पार्किंग से अपनी बाइक निकालने पहुंचे, तभी जिलिंगोड़ा के 8 से 10 युवकों ने उन्हें घेर लिया और चाकू व चापड़ से हमला कर दिया।
पुलिस वाहन में भी किया गया हमला
आरोप है कि हमले के दौरान पुलिसकर्मियों ने गंभीर रूप से घायल हिमांशु को गश्ती वाहन में बैठाकर बचाने का प्रयास किया। इसके बावजूद हमलावरों ने पुलिस वाहन का दरवाजा खोलकर वाहन के अंदर बैठे हिमांशु पर दोबारा हमला कर दिया। इस घटना ने पुलिस की मौजूदगी में सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
इन लोगों को बनाया गया आरोपी
एफआईआर में सोनू राम सरदार उर्फ सोनू मंडल, विश्वनाथ मंडल, राहुल, राज मोदक, प्रदीप मोदक, अर्जुन मोदक, गणेश मोदक, लखन बागी, नीरज सिंह, विनय कुमार तथा एक अज्ञात व्यक्ति को आरोपी बनाया गया है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।
तीन आरोपी गिरफ्तार
पुलिस अब तक इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। गिरफ्तार आरोपियों में सोनू लोहार और राज लोहार शामिल हैं। अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
डीडी बार पहले भी रहा है विवादों में
स्थानीय लोगों के अनुसार, डीडी बार पहले भी कई विवादों को लेकर चर्चा में रहा है। कोरोना काल में यहां बिना लाइसेंस हुक्का बार संचालित होने का मामला सामने आया था। वहीं वर्ष 2024 में भी बाहरी युवतियों के साथ डांस को लेकर दो गुटों के बीच हिंसक झड़प हुई थी। लगातार सामने आ रही घटनाओं के बाद बार प्रबंधन और कानून-व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।