Godda News: गोड्डा के पोड़ैयाहाट पंचायत के मुखिया अनुपम कुमार भगत उर्फ लड्डू पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने आरोपियों के पास से घटना में इस्तेमाल किए गए अवैध हथियार, कारतूस और एक बोलेरो वाहन बरामद किया है.
शनिवार को गोड्डा मुफस्सिल थाना में आयोजित प्रेस वार्ता में डीएसपी (मुख्यालय) जेपीएन चौधरी ने पूरे मामले का खुलासा किया.
दिनदहाड़े बाजार में हुई थी फायरिंग
पुलिस के अनुसार, 18 जून 2026 को पोड़ैयाहाट मुख्य बाजार स्थित पंडित टोला कांबली बगीचा के पास अपराधियों ने मुखिया अनुपम कुमार भगत पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी.
दिनदहाड़े हुई इस घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई थी. वारदात के विरोध में मुख्य बाजार भी बंद रहा था. घटना के बाद मुखिया के आवेदन पर पोड़ैयाहाट थाना में कांड संख्या 75/2026 दर्ज कर जांच शुरू की गई.
तकनीकी इनपुट के आधार पर हुई गिरफ्तारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने गुप्त सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर छापेमारी अभियान चलाया. इस दौरान तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अंकित यादव और नयन कुमार यादव (दोनों द्रोपद राजापुर निवासी) तथा अमरकांत गिरी उर्फ कारु (तेतरिया टिकर निवासी) के रूप में हुई है. पुलिस ने इनके पास से अवैध हथियार, गोलियां और घटना में इस्तेमाल की गई बोलेरो बरामद की है.
शैलेंद्र भगत हत्याकांड की गवाही से जुड़े मामले में हमला
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने पुलिस के सामने फायरिंग की बात स्वीकार की है. पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने बताया कि मुखिया अनुपम भगत वर्ष 2024 के चर्चित शैलेंद्र भगत हत्याकांड के मुख्य गवाह हैं.
आरोप है कि गवाही देने से नाराज होकर आरोपियों ने मुखिया को रास्ते से हटाने की साजिश रची और अपने सहयोगियों के साथ मिलकर उन पर हमला किया. पुलिस अब इस मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है.