Jharkhand News: झारखंड पुलिस विभाग में सब इंस्पेक्टर (दारोगा) के हजारों पद खाली पड़े हैं. राज्य में दारोगा के 6700 पद स्वीकृत हैं, जिनमें से करीब 2500 पद अब भी रिक्त हैं. इसके बावजूद एएसआई से एसआई पद पर प्रोन्नति की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही है, जिससे पुलिसकर्मियों में नाराजगी बढ़ रही है.
मिडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, विभाग ने प्रोन्नति के योग्य एएसआई की जांच कर करीब 4200 जवानों की वरीयता सूची भी तैयार कर ली है. लेकिन तकनीकी और प्रशासनिक अड़चनों के कारण मामला आगे नहीं बढ़ सका है.
साल 2018 के बाद नहीं निकली दारोगा बहाली
दारोगा बनने की तैयारी कर रहे युवाओं को भी लंबे समय से नई बहाली का इंतजार है. झारखंड में आखिरी बार सब इंस्पेक्टर की बहाली 2018 में पूरी हुई थी. उस समय 2650 पदों पर नियुक्ति की गई थी.
इसके बाद अब तक नई बहाली नहीं निकलने से कई अभ्यर्थियों की उम्र सीमा भी खत्म होने की स्थिति में पहुंच गई है. युवा लगातार नई नियुक्ति की मांग कर रहे हैं.
थानों में जांच अधिकारियों की कमी से बढ़ रहा दबाव
पुलिस विभाग में दारोगा की भूमिका कानून व्यवस्था और अपराध अनुसंधान में अहम होती है. अधिकारियों की कमी के कारण कई थानों में जांच कार्य प्रभावित हो रहा है.
विभागीय अधिकारियों के अनुसार खाली पदों को भरना जरूरी है, ताकि लंबित मामलों की जांच में तेजी लाई जा सके और पुलिस व्यवस्था मजबूत हो.
प्रोन्नति नहीं मिलने से एएसआई में नाराजगी
प्रोन्नति का इंतजार कर रहे एएसआई का कहना है कि वे वर्षों से एक ही पद पर काम कर रहे हैं. योग्यता और पद खाली होने के बावजूद उन्हें आगे बढ़ने का मौका नहीं मिल रहा है.
पुलिस एसोसिएशन ने भी इस पर चिंता जताते हुए कहा है कि समय पर प्रोन्नति नहीं मिलने से जवानों का मनोबल प्रभावित होता है.
वहीं गृह विभाग दारोगा बहाली में आ रही अड़चनों को दूर करने की तैयारी में जुटा है. उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द निर्णय होने पर प्रोन्नति और नई बहाली दोनों का रास्ता साफ हो सकता है.