Modi Cabinet Reshuffle: राज्यसभा चुनाव की प्रक्रिया के बीच केंद्र की राजनीति में कैबिनेट विस्तार और फेरबदल को लेकर चर्चाओं का दौर तेज हो गया है. राजनीतिक गलियारों में ऐसी अटकलें लगाई जा रही हैं कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की टीम में जल्द ही कुछ बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं. हालांकि एनडीए की ओर से अब तक इस संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन संभावित बदलावों को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं.
चुनावी समीकरणों को ध्यान में रखकर नए चेहरों को मौका मिलने की चर्चा
जानकारों का मानना है कि आगामी विधानसभा चुनावों और संगठनात्मक रणनीति को देखते हुए केंद्र सरकार में कुछ नए चेहरों को जगह दी जा सकती है. वहीं कुछ वरिष्ठ नेताओं को मंत्रिमंडल से हटाकर पार्टी संगठन में नई जिम्मेदारियां सौंपी जा सकती हैं. माना जा रहा है कि इस संभावित फेरबदल के जरिए भाजपा अलग अलग राज्यों में अपनी राजनीतिक पकड़ को और मजबूत करने की कोशिश कर सकती है.
पंजाब पर खास फोकस, राघव चड्ढा का नाम चर्चा में
इन चर्चाओं के बीच पंजाब से आने वाले नेताओं के नाम सबसे ज्यादा सुर्खियों में हैं. मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि आम आदमी पार्टी से भाजपा में शामिल हुए राघव चड्ढा को केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है. हालांकि इस संबंध में न तो राघव चड्ढा की ओर से और न ही भाजपा के किसी वरिष्ठ नेता की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है.
भाजपा इस समय पंजाब में अपनी राजनीतिक मौजूदगी को मजबूत करने में जुटी हुई है. ऐसे में राज्य से कुछ प्रभावशाली चेहरों को आगे लाने की रणनीति पर काम किए जाने की चर्चा है.
तरुण चुघ और सुनील जाखड़ के नाम भी चर्चा में
पंजाब से जुड़े नेताओं में भाजपा महासचिव तरुण चुघ का नाम भी प्रमुखता से लिया जा रहा है. पार्टी ने उन्हें मध्य प्रदेश की राज्यसभा सीट से उम्मीदवार बनाया है. इसके अलावा पूर्व कांग्रेस नेता और पंजाब भाजपा के पूर्व अध्यक्ष सुनील जाखड़ को लेकर भी राजनीतिक गलियारों में चर्चा जारी है.
दो केंद्रीय मंत्रियों की विदाई की अटकलें भी तेज
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि केंद्र सरकार से दो मंत्रियों की छुट्टी हो सकती है. इनमें केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू और जॉर्ज कुरियन के नाम सामने आ रहे हैं. दोनों नेताओं को इस बार राज्यसभा चुनाव के लिए टिकट नहीं मिलने के बाद इन अटकलों को और बल मिला है. हालांकि सरकार या पार्टी की ओर से इस बारे में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है.
10 से 12 मंत्रियों तक बदलाव की संभावना बताई जा रही
राजनीतिक सूत्रों के हवाले से ऐसी चर्चाएं भी हैं कि संभावित फेरबदल के दौरान 10 से 12 मंत्रियों के विभागों में बदलाव किया जा सकता है या नए चेहरों को शामिल किया जा सकता है. साथ ही यह भी कहा जा रहा है कि भाजपा किसी मौजूदा केंद्रीय मंत्री को कर्नाटक इकाई की कमान सौंप सकती है. फिलहाल राज्य में बीवाई विजयेंद्र पार्टी अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं.
हाल ही में राज्यसभा की अहम समिति के अध्यक्ष बने थे राघव चड्ढा
मई महीने में राज्यसभा सभापति सीपी राधाकृष्णन ने उच्च सदन की याचिका समिति का पुनर्गठन किया था. इसके तहत 10 सदस्यों वाली समिति का गठन किया गया और राघव चड्ढा को इसका अध्यक्ष बनाया गया. इस समिति में हर्ष महाजन, गुलाम अली, शंभू शरण पटेल, मयंक कुमार नायक, मस्तान राव यादव बीडा, जेबी माथेर हिशाम, सुभाशीष खुंटिया, रवंगवरा नारजारी और संतोष कुमार पी समेत कई अन्य सदस्य भी शामिल हैं.
आधिकारिक ऐलान का इंतजार, राजनीतिक गलियारों में बढ़ी हलचल
कैबिनेट विस्तार और फेरबदल को लेकर भले ही चर्चाएं तेज हों, लेकिन फिलहाल सभी की निगाहें केंद्र सरकार और एनडीए के आधिकारिक फैसले पर टिकी हुई हैं. अगर यह फेरबदल होता है तो इसका असर कई राज्यों की राजनीति और भाजपा की आगामी रणनीति पर भी देखने को मिल सकता है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंत्रिमंडल में संभावित बदलाव को लेकर सियासी हलचल लगातार बढ़ रही है. राघव चड्ढा समेत कई नेताओं के नाम चर्चा में हैं, जबकि कुछ मौजूदा मंत्रियों के बाहर होने की अटकलें भी लगाई जा रही हैं. हालांकि तस्वीर पूरी तरह साफ होने के लिए अभी आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा.