National News: महाराष्ट्र के पुणे से सटे पिंपरी चिंचवड इलाके में गुरुवार को उस समय हड़कंप मच गया जब दापोडी और फुगेवाडी क्षेत्र में एक ही दिन में 13 लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. मृतकों के परिजनों और स्थानीय लोगों ने इन मौतों के पीछे जहरीली अवैध शराब को जिम्मेदार ठहराया है. घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत, गुस्सा और भारी तनाव का माहौल बना हुआ है. पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए अवैध शराब कारोबार से जुड़े मुख्य आरोपी योगेश वानखेड़े को गिरफ्तार कर लिया है.
स्थानीय लोगों का आरोप है कि इलाके में लंबे समय से हाथभट्टी यानी कच्ची और अवैध शराब का कारोबार खुलेआम चल रहा था. लोगों का कहना है कि प्रशासन और पुलिस की जानकारी के बावजूद इस धंधे पर प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, जिसका नतीजा अब कई परिवारों को अपनों की जान गंवाकर भुगतना पड़ रहा है.
मृतकों के परिवारों ने लगाया जहरीली शराब से मौत का आरोप
घटना के बाद मृतकों के परिजनों ने साफ तौर पर आरोप लगाया कि सभी लोगों ने अवैध शराब का सेवन किया था, जिसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ने लगी. कई लोगों को अचानक चक्कर आना, बेचैनी और स्वास्थ्य संबंधी गंभीर दिक्कतें शुरू हुईं. देखते ही देखते कई लोगों की हालत इतनी खराब हो गई कि उनकी मौत हो गई.
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्रतिबंधित जहरीली शराब की बिक्री इलाके में लंबे समय से जारी थी. लोगों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि समय रहते कार्रवाई होती तो इतनी बड़ी घटना टाली जा सकती थी.
पुलिस के बयान ने बढ़ाए सवाल
जहां एक तरफ स्थानीय लोग और जनप्रतिनिधि जहरीली शराब को मौत की वजह बता रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ पिंपरी चिंचवड पुलिस फिलहाल सावधानी से बयान दे रही है. पुलिस ने शुरुआती जांच में शराब से मौत की बात को पूरी तरह स्वीकार नहीं किया है.
पुलिस का कहना है कि मृतकों में से कुछ लोगों की मौत अन्य बीमारियों या अलग कारणों से भी हो सकती है. हालांकि, पुलिस ने यह भी माना है कि कई मृतकों को मौत से पहले तेज चक्कर आने की शिकायत हुई थी. इसी विरोधाभासी स्थिति के कारण अब पुलिस की जांच और कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठने लगे हैं.
अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मेडिकल जांच पूरी होने के बाद ही मौत की असली वजह का आधिकारिक खुलासा किया जाएगा. फिलहाल पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच में जुटी हुई है.
इन लोगों की गई जान
इस दर्दनाक घटना में जान गंवाने वाले लोगों की पहचान पांडुरंग फुगे, विजय प्रकाश राठौड़, राजेंद्र प्रकाश राठौड़, राजू राजपूत, अकबर पठान, बाबा शेख, आनंद देसाई और आनंद निकालजे के रूप में हुई है.
इसके अलावा कुछ अन्य लोगों की हालत भी गंभीर बनी हुई है. सुभाष डिगीकर का इलाज मेडी पॉइंट हॉस्पिटल में चल रहा है, जबकि अक्षय अवसरमल को यशवंतराव चव्हाण अस्पताल यानी YCM में भर्ती कराया गया है. डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है.
पुलिस छावनी में बदला इलाका
घटना के बाद फुगेवाडी और दापोडी इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है. पूरे क्षेत्र को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति को रोका जा सके. पुलिस अवैध शराब सप्लाई नेटवर्क की भी जांच कर रही है और इससे जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी हुई है.
इस घटना ने पूरे महाराष्ट्र को झकझोर कर रख दिया है. एक बार फिर अवैध शराब के कारोबार और प्रशासनिक लापरवाही को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं. अब सभी की नजर मेडिकल रिपोर्ट और पुलिस जांच पर टिकी हुई है, जिससे मौतों की असली वजह पूरी तरह साफ हो सकेगी.