CBSE 12th Revaluation Portal Crash: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की कक्षा 12वीं की कॉपियों के री-चेकिंग की प्रक्रिया में आज एक बड़ा तकनीकी विवाद सामने आया है. साल 2026 में फीस में की गई कटौती के बाद उत्तर पुस्तिकाओं की स्कैन कॉपी हासिल करने के लिए पोर्टल पर छात्रों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे बोर्ड का मुख्य सर्वर ठप हो गया. भारी ट्रैफिक की वजह से आवेदन की आखिरी तारीख बढ़ाकर आज 24 मई 2026 की गई थी, लेकिन अंतिम दिन भी पोर्टल पर तकनीकी गड़बड़ी के कारण पेमेंट के दौरान छात्रों के खातों से गलत पैसे कटने लगे. सोशल मीडिया पर मचे बवाल के बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने मामले का संज्ञान लेते हुए बोर्ड से विस्तृत रिपोर्ट मांगी.
लॉगिन एरर और इनवैलिड टोकन से परेशान रहे छात्र, कई को मिलीं धुंधली कॉपियां
गत 19 मई को विंडो ओपन होने के बाद से ही परीक्षार्थियों को लॉगिन एरर, इनवैलिड टोकन और बार-बार सर्वर क्रैश होने जैसी गंभीर दिक्कतों से जूझना पड़ रहा था. छात्रों का आरोप है कि कइयों के बैंक खातों से पैसे कट जाने के बाद भी स्क्रीन पर "पेमेंट अनसक्सेसफुल" का मैसेज दिखाता रहा. इसके अलावा कई छात्रों को बोर्ड की तरफ से बेहद धुंधली स्कैन कॉपियां अपलोड कर दी गईं, जिन्हें पढ़ना भी पूरी तरह नामुमकिन था. इस तकनीकी लाचारी के कारण छात्रों और उनके अभिभावकों में भारी नाराजगी देखी गई.
परीक्षा नियंत्रक ने जारी किया आधिकारिक नोटिस, एक्स्ट्रा कटी फीस होगी वापस
शिक्षा मंत्री के हस्तक्षेप के तुरंत बाद आज 24 मई 2026 को सीबीएसई के परीक्षा नियंत्रक डॉ. संयम भारद्वाज ने एक आधिकारिक नोटिस जारी कर छात्रों को बड़ी राहत दी है. बोर्ड ने स्वीकार किया है कि सिस्टम की खराबी के कारण कई छात्रों से अधिक राशि (ओवर चार्ज्ड) वसूल ली गई है. सीबीएसई ने भरोसा दिया है कि जिन छात्रों के खातों से भी एक्स्ट्रा पैसे कटे हैं, उन्हें उनके मूल भुगतान माध्यम (Same Payment Mode) से पूरा रिफंड वापस कर दिया जाएगा. इस प्रक्रिया के लिए प्रभावित छात्रों को अलग से कोई नया आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी.
कम पैसे कटने वालों को मिलेगी सूचना, बिना नए आवेदन के मिलेगी स्कैन कॉपी
बोर्ड ने नोटिस में स्पष्ट किया है कि तकनीकी त्रुटि के कारण जिन छात्रों के खातों से तय राशि से कम पैसे कटे हैं, उन्हें बोर्ड द्वारा अलग से नोटिस देकर सूचित किया जाएगा. इसके साथ ही सीबीएसई ने साफ कर दिया है कि इस तकनीकी व्यवधान से प्रभावित हुए सभी छात्रों को बिना किसी नए आवेदन या अतिरिक्त परेशानी के उनकी उत्तर पुस्तिकाओं की स्पष्ट स्कैन कॉपी जारी की जाएगी. बोर्ड प्रशासन अब अपने सर्वर को दुरुस्त करने में जुटा है ताकि भविष्य में ऐसी गड़बड़ी दोबारा न हो.