BREAKING: जमशेदपुर के धातकीडीह इलाके में सोमवार को उस वक्त भारी तनाव फैल गया, जब खेल-खेल में दो मासूम बच्चों को बर्बरता का शिकार होना पड़ा। दरअसल, धातकीडीह कब्रिस्तान के पास दो बच्चे फुटबॉल खेल रहे थे, तभी अचानक उनकी गेंद उछलकर कब्रिस्तान के एस्बेस्टस (शेड) पर चली गई। गेंद वापस लाने के लिए जैसे ही दोनों मासूम बच्चे कब्रिस्तान के अंदर दाखिल हुए, वहां पहले से टेंट लगाकर मौजूद कुछ लोगों ने उन्हें दबोच लिया। आरोप है कि उन लोगों ने दोनों बच्चों को करीब डेढ़ घंटे तक बंधक बनाए रखा और उनकी बेरहमी से लात-घूसों से पिटाई कर दी।
मुखी समाज का फूटा गुस्सा, मौके पर मची अफरा-तफरी
जैसे ही इस अमानवीय घटना की खबर पीड़ित बच्चों के परिजनों और स्थानीय मुखी समाज के लोगों को हुई, उनका गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। समाज के सैकड़ों लोग तुरंत गोलबंद होकर मौके पर जुट गए और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर जोरदार हंगामा शुरू कर दिया। कब्रिस्तान के पास भारी भीड़ जमा होने और दोनों पक्षों में तीखी नोकझोंक के बाद इलाके में भारी अफरा-तफरी का माहौल बन गया। बवाल बढ़ता देख आसपास के लोगों में डर का माहौल पैदा हो गया।
इलाके में भारी पुलिस बल तैनात, एक बच्चे का हाथ टूटा, दूसरा सुरक्षित
इलाके में टकराव की आशंका को देखते हुए तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। खबर मिलते ही भारी संख्या में पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया। इस बर्बर पिटाई में दोनों बच्चों में से एक मासूम का हाथ टूट गया है, जिसे बेहतर इलाज के लिए टाटा मुख्य अस्पताल (TMH) में भर्ती कराया गया है जहां उसका इलाज चल रहा है। वहीं, राहत की बात यह है कि दूसरे बच्चे को ज्यादा गंभीर चोटें नहीं आई हैं और वह सुरक्षित है।