PG Seats: एमजीएम मेडिकल कॉलेज अस्पताल में स्नातकोत्तर की 42 सीटों में वृद्धि के प्रस्ताव पर कोल्हान विश्वविद्यालय की एक विशेष जांच टीम ने पिछले दिनों अस्पताल का दौरा किया था. निरीक्षण के कई दिन बीत जाने के बाद भी विश्वविद्यालय स्तर से अभी तक रिपोर्ट कॉलेज को नहीं भेजी गई है. इस देरी के कारण सीट वृद्धि की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पा रही है, जिससे मेडिकल छात्रों में भी ऊहापोह की स्थिति बनी हुई है.
NMC को आवेदन की तैयारी
नियमों के अनुसार, विश्वविद्यालय की अनापत्ति और सकारात्मक रिपोर्ट मिलने के बाद ही एमजीएम प्रबंधन नेशनल मेडिकल काउंसिल (NMC) के पास आवेदन कर सकता है. कॉलेज प्रशासन की योजना है कि रिपोर्ट मिलते ही तुरंत आवेदन किया जाए, ताकि NMC की टीम समय पर एमजीएम का भौतिक निरीक्षण कर सके. यदि NMC से हरी झंडी मिल जाती है, तो अतिरिक्त सीटों पर नए सत्र से पढ़ाई शुरू हो सकेगी.
छात्रों को होगा बड़ा लाभ
वर्तमान में पीजी सीटों की संख्या सीमित होने के कारण राज्य के मेधावी छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता है. 42 नई सीटों के जुड़ने से न केवल मेडिकल छात्रों को अवसर मिलेंगे, बल्कि एमजीएम अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं में भी सुधार होगा. पीजी छात्रों की संख्या बढ़ने से ओपीडी और वार्डों में मरीजों की देखभाल के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ जाएगी.
अब सबकी नजरें कोल्हान विश्वविद्यालय पर टिकी हैं कि वह कब अपनी जांच रिपोर्ट सौंपता है, ताकि जमशेदपुर के इस प्रतिष्ठित संस्थान में चिकित्सा शिक्षा का विस्तार हो सके.