Back to Top

Facebook WhatsApp Telegram YouTube Instagram
Push Notification

🔔 Enable Notifications

Subscribe now to get the latest updates instantly!

Jharkhand News26 – fastest emerging e-news channel.
  • 2026-02-23

Jharkhand News: झारखंड के 30 हजार विरासत वृक्षों की होगी जेनेटिक मैपिंग, केंद्र सरकार ने तैयार किया मास्टर प्लान

Jharkhand: पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम उठाते हुए केंद्र सरकार ने झारखंड के जंगलों में स्थित 30 हजार से अधिक पुराने वृक्षों की जेनेटिक मैपिंग जिसे आनुवंशिक अध्ययन करने की विस्तृत योजना तैयार की है। केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय ने वनस्पतिशास्त्र विशेषज्ञों को राज्य के इन विरासत वृक्षों की पहचान करने और उनका एक डिजिटल जेनेटिक कोड डेटाबेस तैयार करने का निर्देश दिया है।

दिल्ली विश्वविद्यालय के रिसर्च फेलो

दिल्ली विश्वविद्यालय के रिसर्च फेलो विवेक चौधरी के अनुसार, इस महत्वाकांक्षी परियोजना से वनों की मिट्टी की प्रकृति, पिछले 100 वर्षों में मौसम में आए बदलाव और जंगलों में मौजूद जल स्रोतों की जानकारी मिल सकेगी। साथ ही वृक्षों की वृद्धि, दीर्घायु होने के कारण और उनके प्राकृतिक विकास में आ रही बाधाओं को समझने में मदद मिलेगी।

झारखंड में साल, शीशम, गम्हार और महुआ जैसे इमारती वृक्ष प्राकृतिक रूप से उगते रहे हैं, लेकिन पिछले करीब 25 वर्षों से इनका सामान्य प्राकृतिक विकास प्रभावित हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि बदलते मौसम और मिट्टी के पोषक तत्वों में कमी इसका प्रमुख कारण है।

भविष्य की रणनीति, राइट ट्री फॉर राइट सॉइल

इस आनुवंशिक अध्ययन  का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि वैज्ञानिक उन कारकों की पहचान कर सकेंगे जो वृक्षों की वृद्धि को रोक रहे हैं। 30 हजार वृक्षों के डेटाबेस से यह तय करना आसान हो जाएगा कि राज्य की वर्तमान बदलती मिट्टी और जलवायु में कौन से वृक्ष स्वाभाविक रूप से विकसित हो सकते हैं। यह परियोजना झारखंड के वनों को पुनर्जीवित करने के लिए एक रोडमैप का काम करेगी, जिससे हम भविष्य की जरूरतों के अनुसार वनारोपण कर सकेंगे।
WhatsApp
Connect With WhatsApp Cannel !